Monthly Magzine
Tuesday 21 Nov 2017

वहां पुलिस है


अंकुश्री
प्रेस कॉलोनी, सिदरौल, नामकुम, रांची (झारखण्ड)-834 010
‘‘गाड़ी में सामान है’’
‘‘चलो, कुछ नहीं होगा’’
‘‘दिख नहीं रहा है, वहां पुलिस है’’
‘‘कोई गलत सामान नहीं है,’’ धीरे से, ‘‘पुलिस से क्या डरना?’’
‘‘गलत सामान रहने पर कोई डर नहीं था? पुलिस वाले उसकी सुरक्षा कर लेते।’’
‘‘ऐसी बात है तो रुक जाओ!’’
‘‘हां ! मैं यहीं रुकता हंॅू, तुम बाजार करके आओ!’